The Diary Game is 1924 entry 25th April 2026.
Morning time.
सुबह की नींद हमेशा कठिन भारी होती है जागने की कोशिश करता हूं लेकिन फिर भी मुझे नींद आ रही है मुझे लगता है कि कुछ देर सो जाना चाहिए लेकिन इस बारे में नहीं सोचता और बाहर आ गया और कमरे से रसोई में जाता हूं एक गिलास गर्म पानी किया पानी पीने के बाद फ्रेश होने चलाया वापस आया होगा किया और दूध लेने चला गया।
उसके बाद मैं अपने सभी पौधों को पानी दिया और फिर मैं स्नान के लिए तैयार हो गया एक गिलास दूध पिया नाश्ते में और स्कूल के लिए निकल जाता हूं तब मैं ऑफिस पहुंचता हूं अपनी सफाई कर रहा हूं तभी कुछ छात्र आते हैं कहते हैं सर हमारा लाभ में आपका हैप्पी बर्थडे बनाता हूं छोटे बच्चों का आज का जन्मदिन के लिए बहुत ही खुशी के पल होते हैं लेकिन यह कोई नहीं जानता कि जीवन का एक साल काम हो गया है आई लाइफ में चित्र बने रहे।
फिर मैं कंप्यूटर को साफ करने में थोड़ा वक्त लग गया क्योंकि मैंने थोड़े दिन पहले ही बैलेंस बनाकर भेजा है क्योंकि मैं कलर भी तैयार कर दिया है गर्मी के दिन आ चुके हैं इसलिए मुझे स्थिति को समझना चाहिए जैसे स्थिति वैसे ही कार्य करना चाहिए कभी-कभी कुछ कार्य ऐसे होते हैं जो मेरे लिए कठिन हो सकते हैं लेकिन वास्तव में कुछ ऐसी चीज मुझे सोच समझकर आगे बढ़ने चाहिए उसके बाद में कक्षा साथ में जाता हूं तब पता लगता है कि आज मैडम नहीं आई है और बच्चों को कोई भी कार्य करने को नहीं दे रही है मुझे देखकर बहुत ही दुख हुआ इसलिए मैं तुरंत नीचे गया और कंप्यूटर से पिन निकाल कर लाया और फिर मैंने बट बच्चों को कार्य देना शुरू कर फिर मैंने कॉपी चेक करी फिर कक्षा 6 में जाता हूं वहां पर बहुत ही शानदार छात्र हैं जो अपनी कला में एक नया अद्भुत बना देते हैं फिर भी बढ़ना शुरू करते हैं बनाने के बाद में उनकी सभी की कॉपी चेक करता हूं अभी कक्षा 6 में गया और फिर कक्षा 5 में गया पास में जाने के बाद इंटरवल हो गया सभी बच्चे भोजन कर रहे हैं भोजन करने के बाद कुछ देर बाद इंटरफोर्टे में लगता है फोर्थ में मैं खुद चित्र बनाता हूं और फिर थर्ड में भी उसके बाद मेरे सारे पीरियड कंप्लीट हो गए हैं फिर मैं अपने कंप्यूटर रूम में आ जाता हूं
एक बज चुका है जब मुझे याद आता है कि आज भोजन गर्म करने के लिए भी लंच बॉक्स ने लगाया तुरंत लगाता हूं आधा घंटे बाद लगभग खोल देखा की लौकी की सब्जी है यह फोटो स्वादिष्ट है फिर मैं साथ में दही ली लेकिन दही कट्टी हो रही है मुझे टिफिन लेकर जाना था लेकिन याद नहीं रहता बोतल लेकर जाऊंगा मुझे लगता है कि उसे मेरा जो दही है माथा है वह हमेशा ठंडा रहेगा पूरी कोशिश करूंगा कि कोई भी कमी ना आए लेकिन कभी-कभी कुछ चीज ऐसी होती है जो एडमिशन नहीं चलती है इसलिए थोड़ी समस्या पड़ सकती है फिर मैं बाजार में जाता हूं वहां पर थोड़ी देर डालकर वापस आ जाता हूं और फिर से मैं अपने पेपर वर्क में लग जाता हूं
चार बज चुके हैं तब मैंने देखा की दीवार पर एक बंदर बैठा हुआ है और मेरा पेन ले रहा है यह पेन मेरा है लेकिन खराब हो चुका है अब मेरे लिए इस्तेमाल में नहीं है लेकिन मंदिर को देखकर अच्छा लगा कि हर कोई पढ़ना चाहता है लेकिन वह निर्भर करता है कि कौन किस प्रकार पड़ सकता है लेकिन उन्होंने कोई भी कुछ पढ़ा नहीं और पेन थोड़ी देर बाद वहीं पर रख कर चले गए।।
| Photos captured by | @ahlawat |
|---|---|
| The Diary Game | Remember God to make one day better. |
| Device name | Nothing |
| Location | Khatauli |
| 25% to | @null |
| I hope you like this. | Thanks for reading. You are all welcome.. |




